Indian Railway : नहीं मिली सीट या ट्रेन हो गई कैंसिल, यात्रियों को रेलवे से मिलता है भारी भरकर मुआवजा! यात्री को होते हैं ये अधिकार

Indian Railway : हमारे देश में अधिकतर लोग ट्रेन से ही सफर करते हैं। दूरी चाहे लंबी हो या छोटी ट्रेन से सफर करना आसान होता है क्योंकि ट्रेन से सफर करने के दौरान हमें थकान कम होता है। कई बार ऐसा होता है कि ट्रेन छुट जाती है।
त्योहारी सीजन की शुरुआत हो चुकी है ऐसे में बड़े पैमाने पर लोग ट्रेन से यात्रा करते हैं। ट्रेन में सफर करने के दौरान कई बार कंफर्म टिकट होने के बाद भी हमें अपनी सीट नहीं मिल पाती है, और कई बार ऐसा होता है कि कंफर्म टिकट होने के बाद भी ट्रेन में सो जाती है ऐसे में रेलवे को पूरा पैसा लौटाना पड़ता है। रेलवे के द्वारा अगर लापरवाही की जाए तो आप एक्शन ले सकते हैं।
जानें ट्रेन में सफर के दौरान मिलने वाले अधिकार ( Indian Railway )
- कन्फर्म टिकट के बावजूद सीट न मिलना: ट्रेन में सफर के दौरान कंफर्म सीट होने के बाद भी अगर यात्रियों को कोई परेशानी हो रही है तो रेलवे को उनकी परेशानी दूर करना पड़ता है। अगर रेलवे ऐसा नहीं करता है तो व्यक्ति कंज्यूमर कोर्ट जा सकता है।
- ट्रेन कैंसिल होने पर रिफंड का अधिकार: अगर ट्रेन कैंसिल हो जाती है तो रेलवे को पूरा रिफंड करना पड़ता है रेलवे कोई भी चार्ज नहीं काट सकता। अगर रेलवे कोई चार्ज कटता है तो आप कंज्यूमर कोर्ट जा सकते हैं।
- ट्रेन लेट होने पर हर्जाना: अगर ट्रेन लेट हो जाती है या फिर कनेक्टिंग ट्रेन छूट जाती है या फिर यात्रा में कोई बाधा आती है तो रेलवे को यात्रियों को जुर्माना देना होगा। अगर रेलवे ऐसा नहीं करता है तो यात्री कंज्यूमर कोर्ट जा सकते हैं।
- सेवा में कमी पर शिकायत का अधिकार: यदि रेलवे द्वारा दी जाने वाली सुविधाओं में किसी प्रकार की कमी होती है, जैसे कि साफ-सफाई, भोजन, या सुरक्षा, तो यात्री इसकी शिकायत कर सकते हैं और कंज्यूमर कोर्ट में मुआवजे की मांग कर सकते हैं।
इस तरह कर सकते हैं शिकायत ( Indian Railway News )
- आप शिकायत करने के लिए ऑनलाइन आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर जा सकते हैं और यहां आप आसानी से शिकायत कर सकते हैं। अगर आपकी शिकायत नहीं सुनी जाती है तो आप कंज्यूमर कोर्ट का रुख कर सकते हैं।
- कंज्यूमर कोर्ट में शिकायत करें: यदि रेलवे से समाधान नहीं मिलता है, तो यात्री कंज्यूमर कोर्ट में मामला दर्ज कर सकते हैं। कंज्यूमर कोर्ट में मामला दाखिल करना आसान है और मुआवजा प्राप्त करने की संभावनाएं अधिक होती हैं।
मध्य प्रदेश के कंज्यूमर कोर्ट में आया अनोखा मामला
अभी कुछ समय पहले मध्य प्रदेश के कंज्यूमर कोर्ट ने रेलवे पर भारी जुर्माना लगाया। कंज्यूमर कोर्ट के द्वारा एडवोकेट संजू गुप्ता के मामले में फैसला सुनाया गया है।कोर्ट ने इस मामले में रेलवे पर ₹16000 का जुर्माना लगाया।
स्टेशन पर वेद होने की वजह से एडवोकेट संजू गुप्ता की ट्रेन छूट गई जिसके बाद उन्होंने रिफंड के बारे में रेलवे से संपर्क किया। इसके बाद रेलवे ने रिफंड नहीं किया जिसके बाद रेलवे पर कंज्यूमर कोर्ट ने भारी जुर्माना लगाया।
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जानिए दूसरा मामला
दूसरा मामला भोपाल के अनादि खरे का है। अनादि खरे ने बताया कि उन्होंने दिवाली से 2 महीने पहले 16 अक्टूबर 2022 को पुणे से भोपाल आने के लिए हमसफर एक्सप्रेस में थर्ड एसी का टिकट बुक कराया था। टिकट कन्फर्म था। इस दौरान रेलवे ने यात्रा से कुछ दिन पहले ट्रेन को कैंसिल कर दिया। रेलवे ने ट्रेन के कैंसिल होने पर यात्रियों के टिकट का रिफंड किया, यात्री अनादि खरे को भी रिफंड किया था, लेकिन रेलवे ने सुविधा शुल्क के रूप में 152 रुपए काट लिए थे। इसके बाद कंज्यूमर कोर्ट में मामला पहुंचा।
सुविघा शुल्क के नाम पर रेलवे ने ₹10000 काट लिया इसके बाद अनादी खरे के द्वारा कंज्यूमर कोर्ट में मामला दर्ज किया गया और बाद में कंज्यूमर कोर्ट रेलवे पर जुर्माना लगा दिया।



