MP Bjp : एमपी में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का पार्टी जिलाध्यक्षों को सख्त संदेश, कागज पर नही जमीन पर काम करें

MP BJP: BJP state president's strong message to party district presidents in MP, work on the ground, not on paper

MP Bjp : मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव में भले ही अभी तीन साल का समय बाकी हो, लेकिन भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने संगठन को मज़बूत करने और कार्यशैली में कसावट लाने की शुरुआत अभी से कर दी है। बीते चार महीनों में यह दूसरा मौका था, जब खंडेलवाल ने पार्टी के जिलाध्यक्षों को सख्त शब्दों में नसीहत दी और यह साफ कर दिया कि अब संगठन में केवल नाम के पदाधिकारी नहीं, बल्कि जमीन पर काम करने वाले लोग चाहिए।

बीजेपी मुख्यालय में आयोजित बैठक में प्रदेश के 62 संगठनात्मक जिलों के अध्यक्ष मौजूद थे। यह बैठक पार्टी के आगामी कार्यक्रम ‘यूनिटी मार्च’ की तैयारियों को लेकर बुलाई गई थी, लेकिन इस दौरान खंडेलवाल ने अपने संबोधन में भविष्य की राजनीतिक दिशा भी तय कर दी। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम प्रभावशाली होना चाहिए, क्योंकि अक्सर होता यह है कि चार-पांच लोग ही सारा काम करते हैं और बाकी केवल कागजों में ही रह जाते हैं। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि अब ऐसा नहीं चलेगा। टीम ऐसी बने जिसमें सभी समाजों का प्रतिनिधित्व हो और हर व्यक्ति सक्रिय रूप से जुड़ा रहे।

खंडेलवाल ने यह भी स्पष्ट किया कि आने वाले चुनावों में वही जिलाध्यक्ष और टीमें टिक पाएंगी, जो वास्तव में संगठन की गति से कदमताल कर पाएंगी। उन्होंने कहा, “जो टीम मजबूत होगी, वही चुनाव में सामना कर पाएगी।” यह वाक्य न केवल संगठनात्मक अनुशासन का संदेश था बल्कि यह भी संकेत था कि बीजेपी आने वाले निकाय, पंचायत और विधानसभा चुनावों की तैयारी अभी से शुरू कर चुकी है।

उन्होंने कार्यकर्ताओं को भी यह संदेश दिया कि वे संगठन के हिसाब से काम करें, न कि अपने हिसाब से। उनका इशारा उन नेताओं की ओर था जो अपने नज़दीकी लोगों को ही प्राथमिकता देते हैं। खंडेलवाल ने कहा कि अब वक्त दिखावे का नहीं, बल्कि सक्रियता का है। कार्यक्रमों की रिपोर्ट सिर्फ़ कागज़ों में न रह जाए, बल्कि उसका असर जनता और संगठन दोनों तक पहुँचना चाहिए।

बीजेपी में भले ही इस समय शांति काल हो, लेकिन हेमंत खंडेलवाल के इस बयान ने स्पष्ट कर दिया है कि पार्टी ने 2028 के विधानसभा चुनावों की तैयारी की दिशा तय कर दी है। उनका यह सख्त रुख इस बात का संकेत है कि अब संगठन में सुस्ती नहीं चलेगी, क्योंकि जो टीम आज मेहनत करेगी, वही कल जीत की नींव रखेगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button