MP News : दशहरे पर अनूठी पहल: इस बार होगा 11 मुखी ‘शूर्पणखा’ का दहन, समाज को मिलेगा नया संदेश
MP News: A unique initiative on Dussehra: This time, the 11-faced 'Surpanakha' will be burnt, giving a new message to the society.

MP News :इस बार दशहरे के पर्व पर इंदौर में एक अनूठा और चर्चा का विषय बनने वाला आयोजन होने जा रहा है। परंपरागत रावण दहन की जगह इस बार 11 मुखी शूर्पणखा के पुतले का दहन किया जाएगा। आयोजन की जिम्मेदारी संस्था ‘पौरुष’ ने ली है और इसका उद्देश्य समाज को बुराई के एक नए स्वरूप से सतर्क करना है।
कार्यक्रम महालक्ष्मी ग्राउंड पर शाम 6:30 बजे होगा। आयोजकों ने बताया कि यह केवल रावण दहन नहीं, बुराई के हर रूप के अंत का प्रतीक होगा। इस वर्ष संस्था ने ऐसे मामलों को केंद्र में रखा है, जहां पति की हत्या में पत्नियों पर आरोप लगे हैं या वे सजा काट रही हैं।
11 मुखी पुतले में ये चेहरे होंगे शामिल:
- सोनम रघुवंशी (इंदौर)
- मुस्कान (मेरठ)
- हर्षा (राजस्थान)
- निकिता सिंघानिया (जौनपुर)
- सुष्मिता (दिल्ली)
- रविता (मेरठ)
- शशि (फिरोजाबाद)
- सूचना सेठ (बेंगलुरु)
- हंसा (देवास)
- चमन उर्फ गुडिसा (मुंबई)
- प्रियंका (औरैया)
इन सभी चेहरों को ‘शूर्पणखा’ रूप में दर्शाया जाएगा — यह दर्शाने के लिए कि बुराई केवल पुरुषों में नहीं, महिलाओं में भी हो सकती है, और उसे भी उतनी ही गंभीरता से देखा जाना चाहिए।
संस्था ‘पौरुष’ का उद्देश्य
संस्था के अध्यक्ष अशोक दशोरा ने बताया,हम रावण नहीं, बुराई का दहन करते हैं। यदि कोई महिला अपने पति की हत्या करती है, तो वह भी समाज के लिए वैसी ही बुराई है जैसी रावण। हमारा उद्देश्य किसी वर्ग को निशाना बनाना नहीं, बल्कि समाज में बढ़ती क्रूर प्रवृत्तियों पर सवाल उठाना है।”
शूर्पणखा और ‘सेना’ का जुलूस भी
दशहरे के इस आयोजन में ‘शूर्पणखा’ और उसकी ‘सेना’ का एक सांकेतिक जुलूस भी निकाला जाएगा। यह जुलूस समाज को यह संदेश देगा कि न्याय और नैतिकता किसी लिंग पर निर्भर नहीं होती, और हर अपराधी चाहे वह पुरुष हो या महिला, समाज के लिए खतरा है।
पीड़ित परिवार को भी बुलाया गया
इस आयोजन में राजा रघुवंशी के परिजनों को भी आमंत्रित किया गया है, जिनकी हत्या के आरोप में सोनम रघुवंशी जेल में है। परिवार की उपस्थिति इस आयोजन को एक समानांतर न्याय और सहानुभूति का रंग देगी।



