Congress Political News: कांग्रेस ने मनोज मालवे को टिकट देकर पार्टी में आने वाले तूफान को कम किया या फिर डिप्टी कलेक्टर को किनारे किया?
Congress Political News: Did Congress reduce the storm in the party by giving ticket to Manoj Malve or sidelined the Deputy Collector?
Congress Political News: कांग्रेस ने आखिरकार आमला विधानसभा से प्रत्याशी घोषित कर मनोज मालवीय को चुनाव मैदान में उतार दिया है। पिछले कई दिनों से प्रत्याशी का नाम तय करने को लेकर कांग्रेस में घमासान चल रहा था। नाम तय नही होने और डिप्टी कलेक्टर निशा बांगरे का नाम तय होने की संभावनाओं के चलते मनोज मालवे ने अपनी ही पार्टी से बगावत करने का फैसला ले लिया था। यह विरोध का तूफान उठने के पहले हो कांग्रेस ने मनोज को आमला से प्रत्याशी घोषित कर दिया। कांग्रेस ने प्रत्याशी की घोषणा तो कर दी है लेकिन अभी भी संशय की स्थिति बनी हुई है। कांग्रेस ने कही विरोध को शांत करने के लिए मनोज को चुनाव मैदान में उतारा है या फिर डिप्टी कलेक्टर निशा बांगरे को किनारे खड़ा करने के लिए यह सब कुछ किया है। तमाम सवाल अभी भी लोगों के दिमाग मे उठ रहे है। राजनीति के जानकारों का कहना है कि कांग्रेस आमला से डिप्टी कलेक्टर को चुनाव मैदान में उतारने के फूल मुड़ है। लेकिन अभी डिप्टी कलेक्टर का इस्तीफा मंजूर नहीं हुआ था। मामला हाईकोर्ट में लंबित होने के कारण इस्तीफा को लेकर संशय की स्थिति थी। इस बीच कांग्रेस नेता मनोज मालवीय ने टिकट नहीं दिए जाने पर पार्टी से ही बगावत करने का निर्णय ले लिया था और विरोध भी देखने को मिल रहा था। राजनीति के जानकार बताते हैं कि मनोज मालवे के विरोध को खत्म करने के लिए पार्टी ने प्रत्याशी के रूप में नाम फाइनल किया है। श्री मालवे का नाम फाइनल होने के दूसरे दिन मंगलवार डिप्टी कलेक्टर का इस्तीफा मंजूर हो गया है। अब कांग्रेस प्रत्यशी जो बदलकर या फिर बी फार्म डिप्टी कलेक्टर निशा को देकर चुनाव मैदान में उतार सकती है। क्या कांग्रेस ने पैराशूट प्रत्याशी को किनारे खड़ा कर दिया?
अगर वास्तव में कांग्रेस ने मनोज मालवे को चुनाव मैदान में उतारा है तो क्या कांग्रेस ने पैराशूट प्रत्याशी निशा बांगरे को किनारे खड़ा कर दिया है? यह भी सवाल कई लोगों के दिमाग़ में घूम रहा है है। डिप्टी कलेक्टर आमला से चुनाव मैदान में उतरने को लेकर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ से भी मुलाकात की थी और चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है। इसके बावजूद भी कांग्रेस ने निशा के इस्तीफा प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार नहीं किया और मनोज मालवे को चुनाव मैदान में उतार दिया। कांग्रेस को एक बहाना भी मिल गया कि इस्तीफा मंजूर नहीं होने के कारण हमने डिप्टी कलेक्टर को प्रत्याशी नहीं बना पाए। हालांकि अब डिप्टी कलेक्टर का इस्तीफा मंजूर होने के बाद फिर से टिकट मिलने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि कांग्रेस जल्द कोई भी फैसला नही लेगी बी फार्म के समय उलटफेर हो सकता है। अभी से नाम मे बदलाव किया तो काग्रेस में घमासान मच जाएगा।



