Betul Court Decision: नाबालिग के साथ दुराचार करने वाले आरोपी को 20 वर्ष सश्रम कारावास की सजा
Betul Court Decision: The accused who molested a minor was sentenced to 20 years of rigorous imprisonment.

Betul Court Decision: नाबालिग को बहला फुसलाकर उसके साथ कई बार दुराचार करने वाले आरोपी सुखदेव पिता लोठू पुवारे निवासी ग्राम तैलीढाना को विशेष न्यायाधीश और न्याय विशेष न्यायालय (पास्को) एक्ट में 20 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 7 हजार रूपए के जुर्माने से दंडित किया है।
जिला लोक अभियोजन अधिकारी एवं मीडिया सेल ने बताया कि कोतवाली थाना क्षेत्र बैतूल के अंतर्गत एक गांव में रहने वाली नाबालिग के चाचा ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 20 अक्टूबर 2018 को सुबह 6 बजे भतीजी (17) घर से कहीं चली गई है। किसी अज्ञात व्यक्ति ने बहला फुसलाकर अपहरण कर लिया। रिश्तेदारी में नाबालिग की तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं लगा। शिकायत में पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज की। पुलिस ने 7 फरवरी 2020 को नाबालिग को दस्तायाब किया। उसका मेडिकल परीक्षण करवाकर उससे पूछताछ की गई। नाबालिग ने बताया कि आरोपी सुखदेव पुआरे द्वारा शादी करने का कहकर वह इंदौर लेकर गया था। आरोपी ने किराए का कमरा लेकर साथ रखा। इस दौरान कई बार उसने दुराचार किया। विवेचना के दौरान डीएनए परीक्षण हेतु वैज्ञानिक साक्ष्य संकलित किए गए, जिसका डीएनए परीक्षण कराया। रिपोर्ट के परिणाम सकारात्मक आए। पीड़िता की जांच में डीएनए की मौजूदगी पाई गई। जिससे यह तथ्य संदेह से प्रमाणित हो गया है कि आरोपी द्वारा नाबालिग के साथ दुराचार किया गया। इस प्रकरण को अन्याय विशेष न्यायालय बैतूल प्रस्तुत किया गया था। न्यायालय ने शुक्रवार को आरोपी के खिलाफ सजा सुनाई। इस प्रकरण में मप्र शासन की ओर से जिला अभियोजन अधिकारी एसपी वर्मा, वरिष्ठ सहायक अधिकारी अन्याय विशेष लोक अभियोजक ओमप्रकाश सूर्यवंशी ने पैरवी की।



