MP News : लाखों के सोने के गहनों से मातारानी का श्रृंगार, आकर्षण का केंद्र बनी झांकी, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
MP News: Goddess Mata Rani adorned with gold ornaments worth lakhs, tableau becomes centre of attraction, tight security arrangements
MP News : पूरे देश में नवरात्रि का पर्व धूमधाम से मनाया जा रहा है। जगह-जगह पंडालों में मां दुर्गा की प्रतिमाएं विराजमान हैं और भक्त माता रानी की आराधना में लीन हैं। मध्यप्रदेश में भी नवरात्रि पर झांकियों और पंडालों की सजावट पूरे माहौल को भक्तिमय बना रही है। इसी बीच अशोकनगर की एक झांकी चर्चा का खास विषय बनी हुई है, जिसकी सुरक्षा में न सिर्फ पुलिसकर्मी तैनात हैं बल्कि पांच सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं।
सोने-चांदी के आभूषणों से सजा दरबार
अशोकनगर के गौशाला रोड पर जिंदबाबा झांकी समिति द्वारा सजाई गई झांकी इस बार भक्तों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। यहां अष्टभुजाधारी मां दुर्गा की प्रतिमा का 43 लाख रुपए के सोने और चांदी के आभूषणों से श्रृंगार किया गया है। भक्तों और दर्शकों की नजरें मां दुर्गा के इस अनोखे रूप पर टिक गई हैं। समिति के अनुसार करीब 38 लाख रुपए के सोने और पांच लाख रुपए से अधिक की चांदी के गहनों से मां का श्रृंगार किया गया है।
आभूषणों की झलक
श्रृंगार में सोने की अंगूठियां, बाजूबंद, मंगलसूत्र, करधनी, रानी हार, हार, बिंदी, ब्रेसलेट और चांदी का मुकुट शामिल है। इसके अलावा पायल, चूड़ियां, तुलसी माला, कलश और चरण पादुकाएं भी मां दुर्गा को अर्पित की गई हैं। भक्तों का कहना है कि इतने कीमती गहनों से सजे देवी दरबार को देखकर अद्भुत आध्यात्मिक अनुभव होता है।
सात साल में बढ़ती रही परंपरा
जिंदबाबा समिति लगातार 37 वर्षों से नवरात्रि पर यह भव्य झांकी सजा रही है। समिति के संयोजक महेंद्र भारद्वाज ने बताया कि यह परंपरा करीब सात साल पहले शुरू हुई थी। तब एक श्रद्धालु ने मां को सोने की बेंदी अर्पित की थी। इसके बाद हर साल श्रद्धालु सोने-चांदी के आभूषण चढ़ाने लगे। खास बात यह है कि विसर्जन के बाद इन आभूषणों की नीलामी कर दी जाती है और उससे प्राप्त धनराशि से अगले वर्ष के लिए नए गहने तैयार कराए जाते हैं। इसी क्रम में आज मां दुर्गा के श्रृंगार के लिए करोड़ों मूल्य के आभूषण एकत्र हो चुके हैं।
सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम
इतने कीमती आभूषणों के चलते झांकी में सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया गया है। प्रतिमा के गर्भगृह में लोहे की मजबूत जाली और गेट लगाया गया है। वहीं चौबीसों घंटे पुलिसकर्मी सुरक्षा में तैनात रहते हैं। एक-चार के गार्ड को आठ-आठ घंटे की ड्यूटी सौंपी गई है और पांच सीसीटीवी कैमरों के जरिए पूरी निगरानी रखी जा रही है।
श्रद्धालुओं का बढ़ा उत्साह
इस अनोखी झांकी को देखने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। लोग दूर-दूर से आकर मां दुर्गा के इस विशेष श्रृंगार का दर्शन कर रहे हैं। झांकी समिति का कहना है कि हर साल भक्तों का उत्साह बढ़ता जा रहा है और यह झांकी अशोकनगर जिले की धार्मिक पहचान बन चुकी है।



