Malaria News Today: जिले को 2030 तक मलेरिया मुक्त करने का संकल्प,चार माह के भीतर महज एक मलेरिया आया सामने
Malaria News Today: Resolution to make the district malaria free by 2030, only one malaria case was reported within four months
Malaria News Today: बैतूल कोरोना काल के बाद से मलेरिया के मरीजों की संख्या में भारी गिरावट आई है। ऐसा लग रहा है कि अब मलेरिया बीमारी खात्मे के कगार पर पहुंच गई है। मलेरिया विभाग ने बैतूल जिले को 2030 तक मलेरिया से मुक्त करने का संकल्प लिया है। इस संकल्प के आधार पर आगे आने वाले दिनों में मलेरिया के खात्मे को लेकर काम किया जाएगा। गुरूवार को मलेरिया दिवस के अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसमें लोगों को मलेरिया से बचाव को लेकर जानकारी दी गई। मलेरिया अधिकारी जितेन्द्र सिंह राजपूत ने बताया कि 2027 तक लोकल बैतूल को मलेरिया से मुक्त और 2030 तक लोकल और बाहर से आने वाले सभी लोगों से मलेरिया को मुक्त करने का संकल्प लिया है। इस संकल्प के आधार पर काम तेजी से किया जाएगा। वैसे भी मलेरिया विभाग द्वारा मलेरिया को लेकर सतत् काम किया जा रहा है। समय-समय पर मलेरिया की जांच कर लार्वे को भी नष्ट किया जा रहा है। खासकर बारिश के दिनों में मलेरिया का खतरा बना रहता है, इसलिए लार्वा सर्वे कर लार्वे को नष्ट किया जाता है। छतों के ऊपर खराब टायर, बर्तन, घर के आसपास पानी थमने से मलेरिया के मच्छर अधिक पनपते है। लोगों को बारिश के पानी को घर के आसपास थमने नहीं देने को लेकर भी जागरूक किया जा रहा है।चार माह में मिला एक मलेरिया मरीज
पिछले चार महीने के भीतर जिले में केवल एक मलेरिया मरीज सामने आया है। इससे ऐसा लग रहा है कि धीरे-धीरे मलेरिया का खात्मा होते जा रहा है। अब तो मलेरिया विभाग ने संकल्प भी ले लिया है कि मलेरिया को पूरी तरह से खत्म किया जाएगा। जानकारी के मुताबिक 1 जनवरी से लेकर 25 अप्रैल 2024 तक केवल एक मलेरिया मरीज मिला है। मलेरिया पॉजिटिव व्यक्ति जिले के बाहर से आना बताया जा रहा है। जबसे कोरोना महामारी आई थी, तबसे मलेरिया का ग्राफ तेजी से कम हुआ है। मलेरिया जरूर कम हुआ, लेकिन मलेरिया के बचाव और सुरक्षा को लेकर अभी अभियान जारी है।
नहीं मिलेगा मरीज तब होगा मलेरिया मुक्त जिला
अधिकारियों के मुताबिक लगातार आने वाले 2-3 वर्ष तक मलेरिया मरीज के सामने नहीं आते है तो जिला मलेरिया से मुक्त माना जाएगा। हालांकि जिले को मलेरिया से मुक्त करना आसान नहीं है। इसमें कई चुनौतियां सामने आएगी। लोगों को जागरूक करने के साथ-साथ मलेरिया से बचाव के उपाय तगड़े करने पड़ेंगे। इसके बाद ही मलेरिया का खात्मा हो सकता है।
इनका कहना…
2030 तक पूरे जिले को मलेरिया से मुक्त करने का संकल्प लिया है। चार माह में केवल एक मलेरिया मरीज सामने आया है।
जितेन्द्र सिंह राजपूत, जिला मलेरिया अधिकारी, बैतूल



